एवीएसके जोधपुर और भारत सरकार के मध्य समझौता

    नशा मुक्त भारत अभियान को मिलेगी नई गति: एवीएसके और भारत सरकार के मध्य हुआ समझौता (MoU)

    सिद्ध योग के माध्यम से युवाओं को नशे से दूर रखने की पहल; स्कूल-कॉलेजों में चलेंगे जागरूकता कार्यक्रम

    जोधपुर: नशा मुक्त भारत अभियान को नई गति देने और युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से बचाने हेतु एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। नशा मुक्ति अभियान के अंतर्गत सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय, भारत सरकार तथा अध्यात्म विज्ञान सत्संग केंद्र (एवीएसके), जोधपुर के मध्य एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए।

    इस समझौते के तहत गुरुदेव सियाग सिद्ध योग के माध्यम से युवाओं एवं समाज के विभिन्न वर्गों में नशे के प्रति जागरूकता उत्पन्न करने तथा उन्हें स्वस्थ, सकारात्मक एवं नशा मुक्त जीवन जीने हेतु प्रेरित करने के लिए संयुक्त रूप से विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। स्कूलों, कॉलेजों, विश्वविद्यालयों तथा अन्य शिक्षण संस्थानों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने पर विशेष बल दिया जाएगा।

    कार्यक्रम: समझौता ज्ञापन हस्ताक्षर समारोह – नशा मुक्ति अभियान
    तिथि: 9 सितंबर, 2026
    स्थान: नई दिल्ली, भारत

    समझौता ज्ञापन हस्ताक्षर के अवसर पर सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय के सचिव श्री सुधांश पंत उपस्थित रहे। एवीएसके, जोधपुर की ओर से चंद्रवीर सिंह, रामलाल मालव एवं सूरजपाल सिंह ने प्रतिनिधित्व किया।

    एवीएसके ने बताया कि गुरुदेव श्री रामलाल जी सियाग द्वारा प्रदत्त सिद्ध योग के दर्शन के माध्यम से संस्था युवाओं में आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच एवं स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूकता विकसित करने हेतु कार्य करेगी। इस अभियान का उद्देश्य नशे से होने वाली सामाजिक एवं व्यक्तिगत हानियों के प्रति जनजागरूकता बढ़ाना तथा नशा मुक्त समाज के निर्माण हेतु सामूहिक सहभागिता को प्रोत्साहित करना है।

    संस्था के अनुसार, अभियान की आगामी गतिविधियों हेतु विस्तृत कार्ययोजना एवं कार्यक्रम रूपरेखा शीघ्र ही जारी की जाएगी।

    राष्ट्रीय नशा मुक्ति हेल्पलाइन: 14446

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